'भाषान्तर' पर आपका हार्दिक स्वागत है । रचनाएँ भेजने के लिए ईमेल - bhaashaantar@gmail.com या bhashantar.org@gmail.com । ...समाचार : कवि स्वप्निल श्रीवास्तव (फैज़ाबाद) को रूस का अन्तरराष्ट्रीय पूश्किन सम्मान। हिन्दी के वरिष्ठ कवि केदारनाथ सिंह को 49 वाँ ज्ञानपीठ पुरस्कार। भाषान्तर की हार्दिक बधाई और अनन्त शुभकामनाएँ।

हिन्दी कविता का क्यों / अनिल जनविजय

अच्छे कवियों को 
सब हिदी वाले 
नकारते
और बुरे कवियों के 

सौ-सौ गुण बघारते
ऐसा क्यों है, 

ये बताएँ ज़रा, भाई अनिल जी
अच्छे कवि क्यों नहीं कहलाते हैं 

सलिल जी

क्यों ले-दे कर 

छपने वाले कवि बने हैं
क्यों हरी घास को चरने वाले 

कवि बने हैं
परमानन्द और नवल सरीखे 

हिन्दी के लोचे
क्यों देश-विदेश में 

हिन्दी रचना की छवि बने हैं

क्यों शुक्ला, जोशी, लंठ सरीखे 

नागर, राठी
हिन्दी कविता पर बैठे हैं 

चढ़ा कर काठी
पूछ रहे अपने ई-पत्र में 

सुशील कुमार जी
कब बदलेगी 

हिन्दी कविता की 
यह परिपाटी

[ श्रेणी : कविता । अनिल जनविजय ]